जिला अंत्यावसायी सहकारी विकास समिति की बैठक में विभिन्न विषयों पर हुई चर्चा, लिए गए महत्वपूर्ण निर्णय

जिला अंत्यावसायी सहकारी विकास समिति की बैठक में विभिन्न विषयों पर हुई चर्चा, लिए गए महत्वपूर्ण निर्णय
अक्टूबर 2026// कलेक्टर नम्रता जैन के निर्देशानुसार जिला पंचायत के मुख्य कार्यपालन अधिकारी श्री चित्रकांत चाली ठाकुर की अध्यक्षता में जिला अंत्यावसायी सहकारी विकास समिति नारायणपुर के संचालक मंडल एवं साधारण सभा की बैठक 30 सितंबर को कलेक्टर कार्यालय के सभाकक्ष में आयोजित की गई। बैठक में समिति के कार्यों, ऑडिट अनुमोदन, सदस्यों के अनुमोदन, ऋण वसूली तथा व्यवसायिक प्रशिक्षण केंद्र के जीर्णाेद्धार सहित विभिन्न विषयों पर विस्तारपूर्वक चर्चा की गई। बैठक की शुरुआत जिला अंत्यावसायी सहकारी विकास समिति के कार्यपालन अधिकारी के स्वागत उद्बोधन से हुई। इसके पश्चात अध्यक्ष की अनुमति से निर्धारित एजेंडावार चर्चा प्रारंभ की गई। बैठक में वर्ष 2021-22, 2022-23, 2023-24 एवं 2024-25 के पारित ऑडिट का अवलोकन एवं अनुमोदन किया गया। ऑडिट में उल्लेखित आपत्तियों एवं सुझावों के निराकरण के संबंध में भी जानकारी ली गई। समिति के कार्यपालन अधिकारी द्वारा बताया गया कि संबंधित वर्षों के ऑडिट में उल्लेखित आपत्तियों एवं सुझावों का निराकरण कर पालन प्रतिवेदन सहायक पंजीयक, सहकारी संस्थाएं नारायणपुर को भेजा जा चुका है। इसके बाद उपस्थित सदस्यों द्वारा पारित ऑडिट का सर्वसम्मति से अनुमोदन किया गया।
बैठक में वर्ष 2025-26, 2026-27 एवं 2027-28 के ऑडिट के संबंध में भी चर्चा की गई। जिला अंत्यावसायी सहकारी विकास समिति सहायक पंजीयक, सहकारी संस्थाएं नारायणपुर से पंजीकृत होने के कारण उक्त वर्षों का ऑडिट सहायक पंजीयक, सहकारी संस्थाएं नारायणपुर के माध्यम से कराए जाने का सर्वसम्मति से अनुमोदन किया गया। इसी क्रम में समिति के गठन से 31 मार्च 2026 तक बनाए गए सदस्यों के अनुमोदन पर भी चर्चा हुई। जानकारी के अनुसार जिला अंत्यावसायी सहकारी विकास समिति का गठन सहायक पंजीयक, सहकारी संस्थाएं नारायणपुर के आदेश क्रमांक 05 दिनांक 8 दिसंबर 2010 के माध्यम से किया गया था। गठन से 31 मार्च 2026 तक समिति में कुल 1223 सदस्य बनाए गए हैं। बैठक में सदस्यों की पंजी का अवलोकन किया गया तथा मृत सदस्यों की जानकारी के आधार पर पंजी को अद्यतन करने और भविष्य में समिति में नए सदस्यों को जोड़ने के संबंध में आवश्यक निर्देश दिए गए। इसके पश्चात सदस्यों का सर्वसम्मति से अनुमोदन किया गया।
बैठक में जिला अंत्यावसायी विभाग द्वारा विभिन्न योजनाओं के तहत हितग्राहियों को वितरित किए गए ऋण की समय पर वसूली सुनिश्चित करने पर भी विशेष चर्चा की गई। ऋण वसूली के लिए समय-समय पर शिविर आयोजित करने तथा तहसीलदारों के माध्यम से ऋण वसूली की कार्रवाई करने के निर्देश दिए गए। साथ ही निगम की विभिन्न योजनाओं के अंतर्गत वितरित ऋण से संबंधित हितग्राहियों की सूची उपलब्ध कराने के निर्देश दिए गए, ताकि जिला पंचायत की बैठकों में ऋण की किस्त समय पर जमा कराने के संबंध में चर्चा की जा सके और हितग्राहियों को नियमित रूप से ऋण की किस्त जमा करने के लिए प्रेरित किया जा सके। बैठक में बंगलापारा नारायणपुर स्थित व्यवसायिक प्रशिक्षण केंद्र के जीर्णाेद्धार एवं मरम्मत कार्य के संबंध में भी जानकारी ली गई। प्रशिक्षण केंद्र के प्रभारी अधिकारी द्वारा बताया गया कि केंद्र के जीर्णाेद्धार के लिए 39.31 लाख रुपये का प्राक्कलन तैयार कर निगम मुख्यालय रायपुर को प्रस्ताव भेजा गया था, जिसकी निगम द्वारा स्वीकृति प्रदान कर दी गई है। इस पर प्रशिक्षण केंद्र के जीर्णाेद्धार एवं मरम्मत कार्य की आगे की कार्रवाई शीघ्र पूर्ण करने के निर्देश दिए गए।
बैठक में जिला पंचायत के मुख्य कार्यपालन अधिकारी एवं अपर कलेक्टर, प्रतिनिधि श्री नरेंद्र मेश्राम, श्रीमती संध्या पवार, सरपंच छोटेडोंगर, सहायक आयुक्त आदिवासी विकास विभाग सुश्री तनुजा नाग, उप संचालक कृषि श्रीमती मोनिका ठाकुर, जिला उद्योग केंद्र के प्रतिनिधि, सहायक पंजीयक सहकारी संस्थाओं के प्रतिनिधि, जिला अंत्यावसायी सहकारी विकास समिति के कार्यपालन अधिकारी सहित समिति के सदस्य एवं लाभान्वित हितग्राही उपस्थित रहे।




