आस्था के साथ सेहत का ख्याल : महामाया मंदिर परिसर में 1800 से अधिक लोगों को मिला निःशुल्क उपचारदस दिवसीय आयुष शिविर में श्रद्धालुओं और स्थानीय नागरिकों की स्वास्थ्य जांच, दवाइयों के साथ स्वस्थ जीवनशैली का मिला परामर्श

आस्था के साथ सेहत का ख्याल : महामाया मंदिर परिसर में 1800 से अधिक लोगों को मिला निःशुल्क उपचार
दस दिवसीय आयुष शिविर में श्रद्धालुओं और स्थानीय नागरिकों की स्वास्थ्य जांच, दवाइयों के साथ स्वस्थ जीवनशैली का मिला परामर्श
छत्तीसगढ़ बिलासपुर भूपेंद्र साहू की रिपोर्ट l 20 अक्टूबर 2026/ शारदीय नवरात्रि पर मां महामाया के दर्शन करने रतनपुर पहुंचे श्रद्धालुओं को मंदिर परिसर में ही निःशुल्क स्वास्थ्य परीक्षण और उपचार की सुविधा मिली। 11 से 20 अक्टूबर तक आयोजित दस दिवसीय आयुष स्वास्थ्य शिविर में 1800 से अधिक श्रद्धालुओं एवं स्थानीय नागरिकों का आयुर्वेद और होम्योपैथी पद्धति से स्वास्थ्य परीक्षण कर निःशुल्क औषधियां दी गईं। शिविर में लोगों को आयुर्वेदिक काढ़े का वितरण भी किया गया। दूर-दराज से आने वाले श्रद्धालुओं के साथ क्षेत्र के नागरिकों ने भी शिविर में पहुंचकर अपनी स्वास्थ्य संबंधी परेशानियों के लिए चिकित्सकीय परामर्श लिया। चिकित्सकों ने जोड़ों के दर्द, कमर और गर्दन की तकलीफ, गैस, अपच, कब्ज, सर्दी-खांसी तथा त्वचा रोगों से पीड़ित लोगों की जांच की। उच्च रक्तचाप, मधुमेह, अनिद्रा एवं तनाव से संबंधित समस्याओं के लिए भी परामर्श और औषधियां उपलब्ध कराई गईं।शिविर में उपचार के साथ लोगों को दैनिक जीवन में सेहत का ध्यान रखने के उपाय भी बताए गए। जड़ी-बूटियों की जानकारी देने के लिए लगाए गए स्टॉल पर उनके उपयोग के संबंध में मार्गदर्शन दिया गया। योग प्रदर्शन के माध्यम से नियमित अभ्यास, संतुलित दिनचर्या और जीवनशैली में सुधार के लिए प्रेरित किया गया। संचालनालय आयुष रायपुर के निर्देशानुसार एवं जिला आयुष अधिकारी डॉ. यशपाल सिंह ध्रुव के मार्गदर्शन में आयोजित शिविर का संचालन प्रभारी डॉ. राजेश दुबे ने किया। इस दौरान विभिन्न तिथियों पर डॉ. ओंकार सिंह राजपूत, डॉ. प्रभात पटेल, डॉ. रुकमणि कुर्रे, डॉ. रश्मि जितपुरे, डॉ. कुमुदिनी पटेल, डॉ. प्राची देवांगन, डॉ. श्याम सिंह पेंड्रो, डॉ. महेन्द्र सिंह कंवर, डॉ. विजेता पाण्डे, डॉ. कोमल सिंह डांटे, डॉ. अपर्णा मिश्रा, डॉ. सत्येन्द्र कुमार वर्मा, डॉ. मोनिका जायसवाल तथा योग चिकित्सक डॉ. योगेन्द्र नाथ चौहान, योग प्रशिक्षक श्री अविनाश दुबे तथा संबंधित औषधालयों के कर्मचारियों ने स्वास्थ्य परीक्षण, परामर्श और औषधि वितरण में सेवाएं दीं। शिविर में पहुंचे श्रद्धालुओं और स्थानीय नागरिकों ने मंदिर परिसर में सहज रूप से उपलब्ध निःशुल्क स्वास्थ्य सेवाओं की सराहना की। दस दिनों तक चले इस आयोजन से लोगों को दर्शन के साथ अपनी सेहत की जांच कराने और चिकित्सकीय सलाह लेने का अवसर मिला।




