IIM से पीजी डिप्लोमा, श्रीराम कॉलेज से ग्रेजुएशन…निशानेबाजी ही नहीं, पढ़ाई में भी अव्वल हैं मनु भाकर

ओलंपिक और वर्ल्ड कप मेडलिस्ट शूटर मनु भाकर ने सिर्फ शूटिंग रेंज में ही अपना जलवा नहीं दिखाया है बल्कि हरियाणा से आने वालीं पिस्टल क्वीन पढ़ाई में भी अव्वल रहीं हैं. मनु भाकर को स्कूल के दिनों से ही स्पोर्ट्स का शौक था. उन्होंने बॉक्सिंग, स्केटिंग और एथलेटिक्स जैसे कई खेलों में हिस्सा लिया था और बाद में शूटिंग को विकल्प चुना, जहां उन्होंने देश के लिए कई मेडल जीते.
स्कूल के दिनों में मनु ने मार्शल आर्ट्स में राष्ट्रीय पदक जीता था. लेकिन 14 साल की उम्र में शूटिंग में आने के बाद उन्होंने पीछे मुड़कर नहीं देखा. हालांकि, इस दौरान उन्होंने अपनी पढ़ाई पर भी उतना ही ध्यान दिया. 16 साल की उम्र में मेडल जीतकर इतिहास रचने वालीं मनु फिलहाल आईआईएम रोहतक से पोस्ट ग्रेजुएशन में डिप्लोमा कर रही हैं. इंस्टीट्यूट ऑफ मैनेजमेंट रोहतक में पिछले साल स्पोर्ट्स मैनेजमेंट में PG डिप्लोमा कोर्स में एडमिशन लिया था. मनु स्पोर्ट्स से जुड़े बिज़नेस में अपना भविष्य बनाना चाहती हैं. उनके परिवार का कहना है कि मनु स्पोर्ट्स मैनेजमेंट में महारत हासिल करझज्जर जिले के गोरिया गांव की रहने वाली मनु ने अपने चाचा द्वारा चलाए जा रहे यूनिवर्सल स्कूल से पढ़ाई की थी. 10वीं में उन्हें 10 सीजीपीए मिली थी. जबकि 12वीं मं उन्होंने 84 फीसदी अंक प्राप्त किए थे. बाद में उन्होंने दिल्ली यूनिवर्सिटी से पॉलिटिकल साइंस में ग्रेजुएशन किया था और फिर पंजाब यूनिवर्सिटी चंडीगढ़ से पब्लिक एडमिनिस्ट्रेशन में पोस्ट-ग्रेजुएट डिग्री हासिल की. आईआईएम रोहतक में एडमिशन लिया था, तब उनके पिता रामकिशन ने मीडिया से बात करते हुए कहा था,”मनु अपनी पढ़ाई से जुड़े फ़ैसले खुद लेती हैं. मनु हमेशा से अपनी पढ़ाई पूरी करने को लेकर पक्का इरादा रखती थीं. उन्होंने खेल के साथ-साथ कभी भी अपनी पढ़ाई नहीं छोड़ी. यह अच्छी बात है कि मनु ने आगे की पढ़ाई के लिए स्पोर्ट्स मैनेजमेंट बिजनेस कोर्स चुना है.”
हमने हमेशा पढ़ाई के मामले में मनु की पसंद का सम्मान किया है. उन्होंने दिल्ली यूनिवर्सिटी के LSR कॉलेज को चुना ताकि किसी भी तरह की कोई दिक्कत न हो. यह एक महिलाओं का कॉलेज है। मनु ने अपनी मर्ज़ी से ही मास्टर्स डिग्री के लिए पब्लिक एडमिनिस्ट्रेशन विषय भी चुना था.”



