पेपर लीक मामले पर गरमाई सियासत, अरुण वोरा ने टंकराम वर्मा के इस्तीफे की मांग की

छत्तीसगढ़ में पेपर लीक के मामले ने एक बार फिर परीक्षा व्यवस्था और सरकार की जवाबदेही पर सवाल खड़े कर दिए हैं। NEET पेपर लीक विवाद के बाद देशभर में परीक्षा प्रणाली को लेकर सवाल उठे थे। पेपर लीक रोकने के लिए सख्त कानून और कार्रवाई की बात कही गई, लेकिन अब छत्तीसगढ़ में सामने आए मामले ने इन दावों पर फिर सवाल खड़े कर दिए हैं।

पेपर लीक के ताजा मामले को लेकर कांग्रेस नेता अरुण वोरा ने सरकार पर निशाना साधा है। उन्होंने मामले पर नाराजगी जताते हुए शिक्षा मंत्री टंकराम वर्मा के इस्तीफे की मांग की है।
अरुण वोरा का कहना है कि परीक्षाओं में पेपर लीक होना सीधे तौर पर छात्रों के भविष्य से जुड़ा गंभीर मामला है। एक तरफ सरकार पेपर लीक रोकने के लिए सख्त कानून और व्यवस्था की बात करती है, वहीं दूसरी तरफ इस तरह की घटनाएं सामने आना पूरी परीक्षा प्रणाली पर सवाल खड़ा करता है।
कांग्रेस ने सरकार से सवाल किया है कि आखिर पेपर लीक जैसी घटनाओं पर रोक कब लगेगी और इसके लिए जिम्मेदार लोगों पर कितनी सख्त कार्रवाई होगी?
NEET विवाद के बाद परीक्षा व्यवस्था को लेकर देश में बड़ी बहस छिड़ी थी। अब छत्तीसगढ़ में सामने आए पेपर लीक के मामले ने इस बहस को एक बार फिर तेज कर दिया है।
फिलहाल इस मामले में सबसे बड़ा सियासी सवाल यही है—क्या पेपर लीक की जिम्मेदारी तय करते हुए शिक्षा मंत्री टंकराम वर्मा को इस्तीफा देना चाहिए?
अरुण वोरा की इस मांग के बाद छत्तीसगढ़ की सियासत में इस मुद्दे के और गरमाने के आसार हैं।



