छत्तीसगढ़
अपनी काली जुल्फों से दीवाना मुझे बनाया।
अपनी काली जुल्फों से दीवाना मुझे बनाया।
प्यार का इजहार कर दिल में मुझे बसाया।।

अपनी काली जुल्फों से दीवाना मुझे बनाया।
प्यार का इजहार कर दिल में मुझे बसाया।।
माथे पर काली बिंदी होंठों पर लाली है।
गोरे गोरे गाल और कान में बाली है।।
चेहरे पर मुस्कान और दिल से मतवाली है।
जब से देखा चेहरा हर रात दीवाली है।।
सोलह श्रृंगार किया तन में लाली चुनरी है।
चाँद की रोशनी में खूब लगती प्यारी है।।
सनम तेरी नज़रों में मुझे प्यार नजर आता है।
दुनिया में सिर्फ तुझसे ही प्रेम का नाता है।।
जब से बनी हमसफ़र जीवन में खुशहाली है।
प्रिय के घरवाली तुम दिल से मतवाली है।। परमानंद निषाद'प्रिय' ग्राम - निठोरा,पोस्ट - थरगाॅंव,
तह.-सोनाखान,जिला-बलौदा बाजार(छ.ग.)
मो.- 7974389033
ईमेल- sachinnishad343@gmail.com



