दवा नहीं अच्छा खान.पान ही हर बीमारी का इलाज है-डा एस कुमार

भगवान महावीर जन्म कल्याणक महोत्सव द्वारा स्वास्थ्य सेमिनार का हुआ आयोजन

दुर्ग। मनुष्य का शरीर खान.पान से बना है शरीर को स्वस्थ रखने के लिए दवाओं की नहीं बल्कि अच्छे खानपान की जरूरत है। शरीर खुद बीमारियों से लडऩे में सक्षम है ज्यादा दवाएं शरीर की प्रतिरोधक क्षमता को कम कर शरीर में दर्द  बढ़ाती है, लेकिन वर्तमान में इसके विपरीत हो रहा है लोक अच्छे भोजन की अपेक्षा दवाओं पर निर्भर है इससे पैसे समय और शरीर तीनों का नुकसान होता है। उक्त विचार भगवान महावीर जन्म कल्याणक महोत्सव द्वारा आयोजित स्वास्थ्य सेमिनार में डॉक्टर  एस कुमार ने कही। उन्होंने कहा मनुष्य का जन्म भोजन से हुआ है, गर्भवती महिलाएं रोजाना की तरह औसतन 3 किलो और माह में करीब 810 किलो खाना खा लेती है इसका 99.8 फीसदी मल मूत्र के रूप में शरीर से बाहर निकल जाता है महज 2 फ़ीसदी ही ब्लड के जरिए नारी द्वारा शरीर में जाता है इससे गर्भ विकसित होता है और बच्चे के सभी अंग भी विकसित होते हैं। इसका मतलब शरीर खान.पान से बना है ना कि दवाओं से साइंस में इसमें 5 पोषक तत्व जैसे प्रोटीन फैट कार्बोहाइड्रेट विटामिंस मिनरल्स पाया जाता है। शारीरिक हर समस्या का हल है, खानपान है। रिसर्च के मुताबिक शरीर की खुद की फीलिंग क्षमता होती है जिससे शरीर बीमारियों से लडऩे में सक्षम बनता है किडनी हेलिओ बीपी डायबिटीज कैंसर जैसी खतरनाक बीमारियों का इलाज भी खानपान में छुपा हुआ है जहां तक कि व्यक्ति को घुटने के ट्रांसप्लांट की भी जरूरत नहीं है क्योंकि हमारा आज का खानपान 90प्रतिशत अमली है। डॉ एस कुमार के अनुसार से सेल से टिशू ट्यूशन से आर्गन आर्गन से सिस्टम और सिस्टम से बॉडी बनती है अमरी पदार्थों के कारण उन्नति होती है। अगर कोशिकाओं को क्षतिग्रस्त ना होने दिया जाए और कोशिकाओं का स्तर रिपेयर कर दिया जाए तो बिना दवा के मरीज ठीक हो सकते हैं। डॉक्टर्स डे पर मिला डॉ एस कुमार को गोल्ड मेडल पुरस्कार

डॉक्टर्स डे पर मिला डॉ एस कुमार को गोल्ड मेडल पुरस्कार रिसर्च का उद्देश्य डॉक्टर कुमार का कहना है क्या कारण है कि कई दवाएं मौजूद होने के बावजूद एसिडिटी का इलाज नहीं है भविष्य में भारत डायबिटीज की राजधानी बन जाएगा अन्य गंभीर बीमारियों से भी ज्यादातर लोग पीडि़त हैं आज देश के अंदर प्रतिवर्ष 50,000 से ज्यादा डॉक्टर मेडिकल प्रोफेशन से हर साल जोड़ते हैं अस्पतालों की संख्या भी बढ़ रही है। बावजूद स्थाई इलाज नहीं मिल रहा है दरअसल रिसर्च का उद्देश्य यह बताना है कि हर बीमारी का इलाज शरीर के अंदर मौजूद है जरूरत सिर्फ   खानपान पर ध्यान देने की है। आनंद मधुकर रतन भवन बांध का तालाब दुर्ग के सभागृह में भगवान महावीर जन्म कल्याणक महोत्सव का कार्यक्रम सेहत मंत्रा आयुर्वेदा जिसमें जैन समाज के सभी वर्ग के लोगों ने बढ़ चढक़र हिस्सा लिया और अपनी जिज्ञासाओं का समाधान किया। लगभग 2 घंटे के चले प्रश्नोत्तरी कार्यक्रम में वहां उपस्थित डॉक्टर समुदाय में भी ने भी अपनी जिज्ञासा का समाधान लिया भगवान महावीर जन्म कल्याणक महोत्सव समिति की ओर से कार्यक्रम के प्रारंभ में स्वागत किया गया। सेहत मंत्रा कार्यक्रम में डॉक्टर एस के जैन, डॉ शांति कोठारी, डॉक्टर नेमी चोपड़ा , डॉक्टर प्रफुल्ल जैन, डॉ जैन विशेष रूप से उपस्थित रहे । सेहत मंत्रा कार्यक्रम के प्रभारी के रूप में डॉ जसवंत जैन डॉक्टर संजय गोलछा, डॉक्टर नम्रता लुनिया, डॉक्टर श्वेता देशमेरा, निर्मल जैन, राकेश करनावट, अरुण लोढ़ा का कार्यक्रम को सफल बनाने में सक्रिय सहयोग रहा भगवान महावीर जन्म कल्याणक महोत्सव समिति दुर्ग के अध्यक्ष टीकम छाजेड, नवीन संचेती, अर्पित लोढा, संजय बरमेचा सहित तेरापंथ नवयुवक मंडल भी इस कार्यक्रम में अपनी सक्रिय उपस्थिति दर्ज की। कार्यक्रम के अंत में मुंबई से आए डॉ एस कुमार का महावीर जन्म कल्याणक महोत्सव समिति की ओर से स्मृति चिन्ह प्रदान किया गया ।

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